Alfaaz

Alfaaz was Sakib Mazeed’s weekly literary show at The Quint, where words came alive through poetry, storytelling, and cultural conversations. As a passionate literature enthusiast, he hosted poets, writers, and performers, weaving emotions with expression. This space reflects his love for literature, ghazals, and the timeless power of language.

“गर देश उल्लू बनने की प्रयोगशाला है,तो…” क्रांतिकारी कवि पाश के लिए क्या महान था?

Jigar Moradabadi: ”ये इश्क नहीं आसां…”, दुनिया को समझाने वाले शायर की कहानी

फलसफा, इश्क और धार्मिक भावनाएं..आधुनिक भारत को पुकार रहीं मिर्जा गालिब की गजलें

सआदत हसन मंटो: जमाने के इस दौर को ‘नाकाबिल-ए-बर्दाश्त’ कहने वाले अफ्साना-निगार

‘तेरे दर पर सनम चले आए…’ हिंदी सिनेमा के लिए गाने लिखने वाला पाकिस्तानी शायर

फैज अहमद फैज: वो शायर जिसकी इंकलाबी नज्में सरहदों को तोड़कर लोगों की आवाज बनीं

अकबर इलाहाबादी: वह कलमकार जिसने वकालत भी की और वकीलों को “शैतान की औलाद” भी कहा

इश्क, इंकलाब, उम्मीद और जोश भरे अल्फाज से दुनिया को तरक्की की राह दिखाने वाला शायर

उर्दू शायर और मुगल बादशाह बहादुर शाह जफर ने खुद को बदनसीब क्यों कहा था?

“जब बात होगी शहरों से इश्क करने की…”शायरों की नजरों से देखिए भोपाल की खूबसूरती

हिंदुओं और मुसलमानों को ‘एक’ रहने के लिए पुकारती उर्दू शायरी और हिंदी कविताएं

“कहीं गैस का धुआं है, कहीं गोलियां…”लाइव शो में तानाशाह से लोहा लेने वाला शायर

सर्वेश्वर दयाल सक्सेना के लिए ‘देश’ सिर्फ ‘कागज पर बना नक्शा नहीं’, तो फिर क्या?

Rafiq Shadani: एक अनपढ़ शायर की कहानी,जिसकी कविता से PM मोदी ने विपक्ष को साधा

“कहां है मेरा हिंदुस्तान…?” वो शायर जिसने थाने के पुलिसवालों को डाकू बताया